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आईपीएल 2022 में गुजरात के खिलाप पांच विकेट लेने वाले उमरान मलिक का नाम भारतीय क्रिकेट फैन की जुबान पर छाया हुआ है। पिछले सीजन हैदराबाद के लिए खेलने वाले उमरान मलिक अपनी गति से सभी को प्रभावित किया था, लेकिन अब उन्हें ऑस्ट्रेलिया में होने वाले टी20 विश्व कप के लिए टीम इंडिया में शामिल करने की बातें हो रही हैं। उमरान भारतीय क्रिकेट इतिहास के सबसे तेज गेंदबाज बन चुके हैं। उनके अंदर लगातार 150 की गति से गेंदबाजी करने की क्षमता है। गुजरात के खिलाफ उमरान ने पांच में चार विकेट क्लीन बोल्ड के रूप में लिए। उनकी गति के सामने बड़े शॉट लगाना हर बल्लेबाज के लिए बड़ी चुनौती है। उन्हें भारतीय क्रिकेट का भविष्य माना जा रहा है।

 

उमरान ने आईपीएल में डेब्यू करने के बाद अपना नाम जितना बड़ा बनाया है, उनका जीवन इससे पहले उतनी ही ज्यादा गुमनामी में गुजरा है। 17 से के उमरान एक दिन कोच रणदीर सिंह के पास गए और उनका जीवन बदल गया। अब वो भारतीय क्रिकेट इतिहास के सबसे तेज गेंदबाज बन चुके हैं। आईपीएल 2022 के आठ मैचों में उमरान 15 विकेट ले चुके हैं।

2017 में चमकी किस्मत
साल 2017 तक उमरान मलिक मोहल्ला क्रिकेट के स्टार हुआ करते थे। उन्होंने कभी लेदर गेंद से गेंदबाजी नहीं की थी। हर मैच में वो 500 से तीन हजार रुपये तक कमा लेते थे। 2017 की ठंडियों में उमरान मौलाना आजाद स्टेडियम में पहुंचे और कोच रणधीर सिंह से कहा “सर क्या आप मुझे बॉल डालने देंगे?… क्या नाम है तुम्हारा?…उमरान मलिक।”इस समय मलिक ने गेंदबाजी करने के लिए स्पाइक वाले जूते तक नहीं पहने थे, लेकिन रणधीर सिंह को लगा कि उन्हें गेंदबाजी का मौका देना चाहिए और यहीं से उमरान की किस्मत बदल गई। राज्य की सीनियर टीम के बल्लेबाज जतिन वाधवान इस समय स्ट्राइक ले रहे थे। उमरान की गति से जतिन भी परेशान हुए। कश्मीर की सीनियर टीम के तेज गेंदबाज राम दयाल ने भी ने भी कहा कि इस लड़के का भविष्य शानदार है। इसके बाद रणधीर सिंह ने मलिक को आगे मौका देने का फैसला किया।

फल की दुकान लगाते हैं पिता
उमरान के पिता फल की दुकान लगाते हैं। वो चाहते थे कि बेटा पढ़ लिखकर परिवार का नाम करे, लेकिन बाद में उन्होंने अपनी पत्नी के साथ मिलकर उन्हें पेशेवर क्रिकेटर बनने के लिए प्रेरित किया। 2017-18 में उमरान ने एकेडमी में दाखिला तो लिया, लेकिन वो लगातार प्रैक्टिस के लिए नहीं आते थे। कोच रणधीर ने कहा “वह एक दिन आता था और बाकी के चार-पांच दिन गायब रहता था। हम उसे समझाते थे कि मौके को ऐसे नहीं जाने दिया जा सकता, उसे लगातार अभ्यास के लिए आना होगा।”

Journalist from Gurugram. At @News Desk she report, write, view and review hyperlocal buzz of Delhi NCR. Can be reached at [email protected] with Subject line starting Meenakshi